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Wednesday, 11 March 2015
Tuesday, 10 March 2015
Friday, 6 March 2015
रंगों का वैज्ञानिक आधार
प्रस्तुत लेख द्वारा रंगों के वैज्ञानिक आधार को विद्वान लेखक द्वारा स्पष्ट किया गया है।व्यावहारिक रूप से इसमें कुछ कमी खटकती है। गेरुआ रंग आध्यात्मिक रुझान बताता है लेकिन बहुतेरे लोग इस रंग के वस्त्रों का दुरुपयोग करते भी पाये जाते हैं जिनमें से कुछ आजकल जेल यात्रा पर भी हैं। सफ़ेद वस्त्र धार्रियों को काले कारनामों में लिप्त पाया जाता है। ऐसी स्थिति में इस व्याख्या का समाज में विपरीत प्रभाव भी पड़ सकता है कि लोग इसे पूरी तरह ठुकरा दें क्योंकि यह हकीकत से दूर है। जबकि रंगों की प्रस्तुत व्याख्या वैज्ञानिक आधार पर सही है।
---पूनम
Tuesday, 3 March 2015
Monday, 16 February 2015
Sunday, 15 February 2015
Saturday, 14 February 2015
Saturday, 7 February 2015
चूकि मर नहीं सकता ...जहर पीना इसकी खुराक हैं ---जावेद उस्मानी
साभार:
March 1, 2014 · Edited ·
चूकि मर नहीं सकता अत:
जिंदा रहना मेरी मजबूरी हैं
हर सांस इक नया प्रश्न है
कितना कड़ा जीवन प्रबंध हैं
जीने की शर्त बड़ी दुश्वार हैं
जहर पीना इसकी खुराक हैं
हाथ पैर सलामत हैं मेरे
फिर भी नहीं श्रवण कुमार हूँ
बोझ उठाने का सामर्थ्य नहीं मुझमे
तुम्हारे कंधे पर अब भी सवार हूँ
इस पाप की क्षमा नहीं हैं ,माता
मैं भी कितना लाचार हूँ ?
लज्जित हूँ अपने आप पर
लेकिन हाथ नहीं कुछ मेरे हैं
जो हमारा भाग्य लिख रहे हैं
वे, ही ऐसी लीला रच रहे हैं
हम ही हैं अपराधी जो उन्हें चुन रहे हैं
और अपनी लगाई आग में भून रहे हैं।
जावेद उस्मानी
जिंदा रहना मेरी मजबूरी हैं
हर सांस इक नया प्रश्न है
कितना कड़ा जीवन प्रबंध हैं
जीने की शर्त बड़ी दुश्वार हैं
जहर पीना इसकी खुराक हैं
हाथ पैर सलामत हैं मेरे
फिर भी नहीं श्रवण कुमार हूँ
बोझ उठाने का सामर्थ्य नहीं मुझमे
तुम्हारे कंधे पर अब भी सवार हूँ
इस पाप की क्षमा नहीं हैं ,माता
मैं भी कितना लाचार हूँ ?
लज्जित हूँ अपने आप पर
लेकिन हाथ नहीं कुछ मेरे हैं
जो हमारा भाग्य लिख रहे हैं
वे, ही ऐसी लीला रच रहे हैं
हम ही हैं अपराधी जो उन्हें चुन रहे हैं
और अपनी लगाई आग में भून रहे हैं।
जावेद उस्मानी
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